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आध्यात्मिक

खेजड़ी वृक्ष बचाने के लिए महापड़ाव

मोहन बिश्नोई||अवधि: 7:30
पर्यावरण बचाओ आंदोलन | खेजड़ी वृक्ष बचाने के लिए महापड़ाव | स्वामी रामानन्द जी मुकाम बिश्नोई समाज सदियों से पर्यावरण संरक्षण के लिए समर्पित रहा है। लगभग 295 वर्ष पहले अमृता देवी और 363 बिश्नोई वीरों के बलिदान ने दुनिया को प्रकृति की रक्षा का संदेश दिया था। आज फिर से खेजड़ी वृक्ष और पर्यावरण बचाने के लिए आंदोलन तेज हो रहा है। स्वामी रामानन्द जी मुकाम ने इस आंदोलन की रणनीति, सरकार से हुई बातचीत और समाज की भावनाओं को लेकर अपनी बात रखी। इस वीडियो में जानिए: खेजड़ी वृक्ष बचाने के लिए महापड़ाव क्यों रखा गया है सरकार से क्या मांगें हैं पेड़ काटने पर कड़ी सजा की मांग क्यों उठ रही है सोलर प्लांट और पर्यावरण पर उसका प्रभाव पूरे भारत से लोगों से की गई अपील स्वामी जी ने कहा कि जब तक सरकार लिखित आश्वासन नहीं देती, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। पर्यावरण, वन्य जीव और प्रकृति की रक्षा के लिए यह संघर्ष केवल बिश्नोई समाज का नहीं बल्कि पूरे मानव समाज का है।
विशेषराय

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